बारिश, बरबादी और बीमा

बारिश, बरबादी और बीमा

मौसम का मिज़ाज़ कब बदल जाये, कोई नहीं जानता। गीतों में मौसम को बेवफ़ा कहा जाता है। इस बार मौसम एकाएक ऐसा बदला था कि अब ये भी याद दिलाना पड़ रहा था कि मार्च का महीना है। ये मार्च में मॉनसून जैसा हाल रहा। मौसम में आए अचानक बदलाव ने आम आदमी से लेकर सरकारों तक को मुश्किल में डाल दिया। पूरा देश बारिश की बौछारों से मुश्किल में था। श्रीनगर में बर्फबारी होने…

Read More

जिन्हें नाज है भोजपुरी पर, वो कहाँ हैं….

जिन्हें नाज है भोजपुरी पर, वो कहाँ हैं….

सैद्धांतिक तौर पर कहा जाता है कि जो भाषा रोजगार के अवसर उपलब्ध नहीं करा पाती, उस भाषा का अस्तित्व धीरे-धीरे खत्म होता जाता है। लेकिन यह सिद्धांत भोजपुरी के साथ ठीक-ठीक सामंजस्य नहीं बना पा रहा। सीधे तौर पर देखें तो अभी तक भोजपुरी को संवैधानिक दर्जा भी नहीं मिला है पर इसके बावजूद यह भाषा अपनी उत्पत्ति क्षेत्र की सीमा लांघ कर दुनिया के लगभग 20 देशों में पंख पसार चुकी है। भाषा…

Read More